“पश्चिम एशिया में जारी तनाव और ब्रेंट क्रूड के 100 डॉलर प्रति बैरल पार करने से कमर्शियल एलपीजी सप्लाई प्रभावित हुई है। इससे रेस्टोरेंट और होटल इंडस्ट्री पर संकट गहराया, कई शहरों में 20% तक रेस्टोरेंट बंद या आंशिक रूप से ठप। फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म्स पर ऑर्डर 50-60% तक घटे, जिससे जुड़े स्टॉक्स में 4-7% की गिरावट दर्ज की गई। Eternal, Swiggy, Jubilant FoodWorks जैसे प्रमुख नाम सबसे ज्यादा प्रभावित।”
देशभर में कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की भारी कमी ने रेस्टोरेंट इंडस्ट्री को बुरी तरह प्रभावित किया है। मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के कारण वैश्विक गैस सप्लाई बाधित हुई, जिससे भारत जैसे बड़े आयातक देश में संकट गहरा गया। सरकार ने घरेलू उपयोग को प्राथमिकता देते हुए रिफाइनरियों को उत्पादन बढ़ाने के आदेश दिए, लेकिन कमर्शियल सेक्टर की सप्लाई में भारी कटौती हुई।
मुंबई में करीब 20% होटल और रेस्टोरेंट पूरी तरह या आंशिक रूप से बंद हो चुके हैं। बेंगलुरु, पुणे, चेन्नई, कोलकाता और दिल्ली जैसे शहरों में भी स्थिति गंभीर है। नेशनल रेस्टोरेंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अनुसार, अगर सप्लाई जल्द बहाल नहीं हुई तो 50-60% रेस्टोरेंट 2-3 दिनों में बंद हो सकते हैं। कई जगहों पर मेन्यू में बदलाव किया गया है – डीप फ्राई, लंबे समय तक पकाने वाले व्यंजन जैसे परांठे, डोसा, पिज्जा, समोसे हटा दिए गए हैं। केवल चाय, कॉफी, राइस-बेस्ड डिशेज या कोल्ड ड्रिंक्स पर फोकस किया जा रहा है।
इस संकट का सीधा असर स्टॉक मार्केट पर पड़ा। 12 मार्च को ट्रेडिंग में रेस्टोरेंट और फूड डिलीवरी से जुड़े प्रमुख स्टॉक्स में तेज गिरावट आई:
Eternal Ltd. (Zomato की पेरेंट कंपनी): अधिकतम 4.8% तक गिरावट, बाद में कुछ रिकवरी के साथ 3-4% नुकसान।
Swiggy Ltd.: 2-4% की गिरावट।
Jubilant FoodWorks (Domino’s, Dunkin’ आदि): 3.5-7% तक लुढ़का।
Devyani International (KFC, Pizza Hut): प्रभावित, लेकिन मर्जर खबरों के बीच मिश्रित प्रदर्शन।
Sapphire Foods: 1.5-2% गिरावट।
United Foodbrands (Barbeque Nation): 7% तक का नुकसान।
फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म्स पर ऑर्डर वॉल्यूम में 50-60% की कमी आई है, क्योंकि क्लाउड किचन और रेस्टोरेंट ऑपरेशंस ठप हो रहे हैं। गिग वर्कर्स की कमाई पर भी असर पड़ रहा है।
प्रभावित शहरों की स्थिति
मुंबई : 20% रेस्टोरेंट बंद, AHAR एसोसिएशन ने चेतावनी दी कि स्थिति बिगड़ने पर 50% तक बंद हो सकते हैं।
बेंगलुरु : होटल एसोसिएशन ने सप्लाई रुकने पर शटडाउन की चेतावनी दी, कई PG और रेस्टोरेंट मेन्यू बदल रहे हैं।
चेन्नई, पुणे, कोलकाता : मेन्यू कट, ऑपरेटिंग घंटे कम, कुछ जगह इंडक्शन या कोल्ड कुकिंग पर शिफ्ट।
दिल्ली-एनसीआर : सप्लाई में देरी, ब्लैक में सिलेंडर 3000 रुपये तक पहुंचा।
क्यों गहराया संकट?
भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा एलपीजी आयातक है, जिसमें 90% से ज्यादा आयात वेस्ट एशिया से होता है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में बाधा और युद्ध के कारण सप्लाई चेन टूट गई। घरेलू उपयोग को प्राथमिकता देने से कमर्शियल 19-kg सिलेंडर की उपलब्धता लगभग ठप हो गई। कई शहरों में कालाबाजारी शुरू, छोटे 5-kg सिलेंडर भी महंगे हो गए।
संभावित समाधान और आगे की राह
सरकार ने इमरजेंसी पावर इस्तेमाल कर रिफाइनरियों से उत्पादन बढ़वाया है। एक ग्रievance रेड्रेस कमिटी बनाई गई है। इंडस्ट्री ने मिनिस्ट्री से कमर्शियल सप्लाई बहाल करने की मांग की है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर 2-3 दिनों में सुधार नहीं हुआ तो QSR चेन और डिलीवरी प्लेटफॉर्म्स की कमाई पर लंबे समय तक असर पड़ेगा। कई रेस्टोरेंट इंडक्शन स्टोव या इलेक्ट्रिक ओवन की ओर शिफ्ट होने की तैयारी कर रहे हैं, लेकिन लागत बढ़ने से मेन्यू प्राइस में इजाफा तय है।
Disclaimer: यह खबर उपलब्ध जानकारी और बाजार रुझानों पर आधारित है। निवेश से पहले विशेषज्ञ सलाह लें।